हालीशहार थाना की कस्टडी में रहने के दौरान तृणमूल कार्यकर्ता बिरजू केवट की संदिग्ध मौत हुई। उसके घर पहुंचे राज्य के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने मृतक की पत्नी जेनी शर्मा केवट को निरपेक्ष जांच का भरोसा दिए थे। साथ ही तत्काल प्रभाव से हालशहर थाना के आईसी को क्लोज कर जांच अधिकारी को सस्पेंड कर दिए। हालांकि जेनी शर्मा का कहना है कि यह पर्याप्त सजा नहीं है। दोषियों को मृत्युदंड नहीं बल्कि आजीवन कारावास की सजा मिले। जिस तरह मेरे बच्चे आजन्म अपने पिता की कमी महसूस करेंगे। ठीक उसी तरह दोषियों का परिवार भी उनकी कमी महसूस करें।